मनसुन - विकिपिडिया भारत को विंध्य क्षेत्र मा वर्षा मानसून मूलतः हिन्द महासागर एवं अरब सागर तिर देखि भारत को [ [दक्षिण] ]- [ [पश्चिम] ] तट मा आनी वाला हावाहरु को भन्छन् जो भारत
के हो मनसुन ?- कोपिला - कान्तिपुर समाचार अनि तिमीहरूले भूमध्यरेखा पनि सुनेकै होला । भूमध्य रेखाभन्दा दक्षिणतिर मेडागास्कर भन्ने ठाउँ छ । त्यहाँ उच्च चापीय क्षेत्र विकास हुन्छ र एक किसिमको
मनोनयन - विक्सनरी समितिका अन्य सदस्यहरुको मनोनयन अध्यक्षले नै गर्ने प्रावधान
पृष्ठ:भारतेंदु समग्र. pdf ९४५ - विकिस्रोत आहूत इव में शीघ्र दर्शनं याति चेतसि" ।। हनुमान जी का तो ध्यान ही है "यत्र यत्र रघुनाथकीर्तनं तत्र तत्र कृतमस्तकांजलिं । बाष्पवारिपपरिपूर्णलोचनं मारुति नमत राक्षसांतकं ।" तथा अपने मुंह से (रामायण उत्तरकाण्ड १०७ सर्ग ३१ श्लोक) यावत्तव कथा लोके विचरिष्यति पावनी । तावत् स्थास्यामि मेदिन्यां तवाज्ञामनुपालयन्" । तथा (श्रीमद्भागवत पंचम स्कन्ध १९ अध्याय ८ श्लोक) सुरो ऽसुरो वाप्यथवा नरो ऽनरः सर्वात्मना यः सुकृतज्ञमुत्तमं । भजेत राम मनुजाकृति हरिं य उत्तरामनयत् कोशलान्दिवं" । २रूपासक्ति दो प्रकार की होती है एक किशोररूप में एक बाल रूप में । बाल रूप से श्री मातृचरण श्री नन्दोपनन्दादिक वृद्ध ब्रजवासियों को तथा किशोर रूप में ब्रज की स्त्री पुरुष पशु पक्षिमात्र को । जैसा "अहो अमी देववरामरार्चित" इत्यादि श्लोको में श्रीमुख से भी कहा है और 'अक्षणवतां फलमिद न परं विदामः' इत्यादि वेणुगीत के श्लोकों में तथा "वामबाहुकृतवामकपोलो" इत्यादि युगलगीत के श्लोकों से सिद्ध ३ "पूजासक्ति" महाराज पृथु को, जैसा उन्होंने कहा है "यत्पादसेवाभिरुचिस्तपस्विनामशेषजन्मोपचित मलं धियः । सद्यःक्षिणोत्यन्वहमेधती सती यथा पदांगुष्ठविनिःसृता सरित ।।" इत्यादि